2026 में चेक गणराज्य का पासपोर्ट हेनले रैंकिंग में छठे स्थान पर: 183 देशों तक आसान पहुंच
द्वारा संपादित: Svetlana Velgush
लंदन स्थित परामर्श फर्म हेनले एंड पार्टनर्स ने 2026 के लिए अपना प्रतिष्ठित 'हेनले पासपोर्ट इंडेक्स' (Henley Passport Index) जारी किया है, जो 17 जनवरी 2026 तक की वैश्विक स्थिति को दर्शाता है। इस नवीनतम रैंकिंग के अनुसार, चेक गणराज्य के पासपोर्ट ने विश्व स्तर पर छठा स्थान हासिल किया है। चेक नागरिकों को अब दुनिया के 183 देशों और क्षेत्रों में बिना वीजा या आगमन पर वीजा (visa-on-arrival) की सुविधा मिल रही है। यह उपलब्धि अंतरराष्ट्रीय गतिशीलता के क्षेत्र में चेक गणराज्य की मजबूत और स्थिर स्थिति को प्रमाणित करती है, भले ही शीर्ष क्रम में कुछ बदलाव देखे गए हों।
वैश्विक स्तर पर सिंगापुर ने एक बार फिर अपनी बादशाहत कायम रखी है। सिंगापुर का पासपोर्ट लगातार दूसरे वर्ष दुनिया का सबसे शक्तिशाली दस्तावेज बना हुआ है, जो अपने धारकों को 192 गंतव्यों तक निर्बाध पहुंच प्रदान करता है। दूसरे स्थान पर जापान और दक्षिण कोरिया संयुक्त रूप से काबिज हैं, जिनके नागरिक बिना पूर्व वीजा के 188 देशों की यात्रा कर सकते हैं। पिछले दो दशकों से जारी यह सूचकांक इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (IATA) के विशेष आंकड़ों पर आधारित है, जो इसकी विश्वसनीयता को वैश्विक स्तर पर सर्वोपरि बनाता है।
रैंकिंग के शीर्ष भाग में यूरोपीय देशों का दबदबा बरकरार है। चेक गणराज्य ने क्रोएशिया, एस्टोनिया, माल्टा, न्यूजीलैंड और पोलैंड के साथ संयुक्त रूप से छठा स्थान साझा किया है। दिलचस्प बात यह है कि चेक गणराज्य का पड़ोसी देश स्लोवाकिया 184 देशों तक पहुंच के साथ पांचवें स्थान पर रहा, जो चेक पासपोर्ट से एक पायदान ऊपर है। पिछले आंकड़ों की तुलना में, चेक गणराज्य ने अपनी छठी रैंकिंग तो बरकरार रखी है, लेकिन उसकी पहुंच में दो देशों की कमी आई है; इससे पहले चेक पासपोर्ट 185 गंतव्यों के लिए द्वार खोलता था।
2026 का यह सूचकांक यात्रा की स्वतंत्रता में बढ़ती वैश्विक असमानता को भी उजागर करता है। हेनले एंड पार्टनर्स के अनुसार, सबसे शक्तिशाली और सबसे कमजोर पासपोर्ट के बीच का अंतर अब 168 गंतव्यों तक पहुंच गया है। तुलनात्मक रूप से, जब 2006 में यह सूचकांक पहली बार प्रकाशित हुआ था, तब अमेरिका और अफगानिस्तान के बीच यह अंतर केवल 118 अंकों का था। हेनले एंड पार्टनर्स के अध्यक्ष डॉ. क्रिश्चियन एच. केलिन ने जोर देकर कहा कि पासपोर्ट के विशेषाधिकार अवसर, सुरक्षा और आर्थिक भागीदारी को आकार देने में निर्णायक भूमिका निभाते हैं, और वैश्विक गतिशीलता के लाभ वर्तमान में असमान रूप से वितरित हैं।
रैंकिंग के सबसे निचले पायदान पर अफगानिस्तान एक बार फिर 101वें स्थान पर है, जिसकी पहुंच केवल 24 गंतव्यों तक सीमित है। वहीं, अमेरिका शीर्ष 10 में वापसी करते हुए दसवें स्थान (179 देश) पर पहुंच गया है, जबकि ब्रिटेन की रैंकिंग में वार्षिक गिरावट दर्ज की गई है। यूरोपीय देशों का शीर्ष स्तर पर जमावड़ा पुराने दिग्गजों के प्रभाव को कम कर रहा है। IATA के अनुमानों के अनुसार, 2026 में हवाई यातायात में रिकॉर्ड वृद्धि की उम्मीद है, जिसमें 5.2 बिलियन से अधिक यात्री सफर करेंगे, जो अंतरराष्ट्रीय यात्रा की बढ़ती मांग को दर्शाता है।
अंततः, 2026 की शुरुआत में शीर्ष छह देशों में चेक गणराज्य की उपस्थिति इसकी मजबूत राजनयिक स्थिति और उच्च स्तर के अंतरराष्ट्रीय एकीकरण का प्रमाण है। यह न केवल देश की वैश्विक साख को बढ़ाता है, बल्कि इसके नागरिकों के लिए वैश्विक अवसरों के नए द्वार भी खोलता है। चेक गणराज्य की यह निरंतर सफलता उसकी विदेश नीति और अंतरराष्ट्रीय संबंधों की मजबूती को दर्शाती है, जो भविष्य में भी इसकी वैश्विक पहुंच को बनाए रखने में सहायक होगी।
3 दृश्य
स्रोतों
Radio Prague International
Time Out
VisasNews
PR Newswire (Henley & Partners)
Time Out
VertexAI Search
इस विषय पर और अधिक समाचार पढ़ें:
क्या आपने कोई गलती या अशुद्धि पाई?हम जल्द ही आपकी टिप्पणियों पर विचार करेंगे।
