Winter 2025-26: Brace for extremes! A rare Nov stratospheric event + La Niña could split the US—frigid temps & heavy snow in Midwest/Northeast, warm & dry in Southwest
वर्ष 2025-2026 के आगामी शीतकाल के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका में एक गंभीर मौसम की स्थिति का पूर्वानुमान लगाया जा रहा है, जिसका मुख्य कारण ला नीना की निरंतरता और ध्रुवीय विक्षोभ (पोलर वोर्टेक्स) में संभावित गड़बड़ी का मेल है। राष्ट्रीय मौसम सेवा (National Weather Service) के जलवायु पूर्वानुमान केंद्र (CPC) ने पुष्टि की है कि अक्टूबर-दिसंबर 2025 के दौरान कमजोर ला नीना के विकसित होने की 71% संभावना है, जो दिसंबर 2025 से फरवरी 2026 तक प्रभाव डालेगी। यह समुद्री घटना आमतौर पर ध्रुवीय जेट स्ट्रीम को प्रभावित करती है, जिससे आर्कटिक की ठंडी हवा निचले अक्षांशों की ओर खिंच सकती है।
La Niña उत्तरी गोलार्ध के पूरे क्षेत्र में शीतकालीन मौसम पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकती है।
इस पूर्वानुमान में एक महत्वपूर्ण कारक ध्रुवीय विक्षोभ को प्रभावित करने वाली अचानक समतापमंडलीय तापन (Sudden Stratospheric Warming - SSW) की घटना की संभावना है। SSW तब उत्पन्न होता है जब समताप मंडल परत में तापमान तेजी से बढ़ता है, कभी-कभी सामान्य से 40°C तक, जिससे ध्रुवीय विक्षोभ कमजोर या विभाजित हो जाता है। यह व्यवधान ठंडी हवा को ध्रुवीय क्षेत्रों से बाहर निकालकर उत्तरी गोलार्ध के मध्य-अक्षांशीय क्षेत्रों में फैलने देता है। कुछ विश्लेषणों के अनुसार, इस वर्ष नवंबर में ही एक दुर्लभ और प्रारंभिक SSW घटना बन रही है, जो इसे और अधिक प्रभावशाली बना सकती है, जिससे मध्य और पूर्वी संयुक्त राज्य अमेरिका, कनाडा और यूरोप में अत्यधिक ठंड और बर्फबारी की संभावना बढ़ जाती है।
ला नीना की प्रकृति भी इस पूर्वानुमान में एक महत्वपूर्ण कारक है। NOAA के अनुसार, कमजोर ला नीना आमतौर पर जेट स्ट्रीम को उत्तर की ओर धकेलता है और उत्तरी अमेरिका के कुछ हिस्सों में ठंडी परिस्थितियों का समर्थन करता है। हालांकि, द ओल्ड फार्मर्स अल्मनैक के 2025-2026 के पूर्वानुमान में प्रशांत महासागर के तटस्थ परिस्थितियों में परिवर्तित होने का भी उल्लेख है, जिससे जेट स्ट्रीम और तूफान के रास्ते बदल रहे हैं। यह पैटर्न मध्य-पश्चिमी और ग्रेट लेक्स क्षेत्रों में अधिक बर्फबारी की संभावना को बढ़ाता है।
इस तरह की चरम स्थितियों की पुनरावृत्ति की संभावना, विशेष रूप से SSW के कारण, यात्रा और बुनियादी ढांचे के लिए चिंताएँ पैदा करती है। SSW के प्रभाव सतह के मौसम पर तुरंत नहीं पड़ते; उन्हें क्षोभमंडल (ट्रोपोस्फीयर) में दिखाई देने में 10 दिन से एक सप्ताह तक का समय लग सकता है। इस मौसम में, उत्तरी राज्यों जैसे उत्तरी मैदानों और ऊपरी मिडवेस्ट में औसत से नीचे तापमान रहने की संभावना है, खासकर जनवरी से फरवरी की शुरुआत तक।
दिसंबर 2000 के शीतकाल की तुलना करें तो, उस समय मध्य-पश्चिम में दिसंबर का महीना 106 वर्षों में दूसरा सबसे ठंडा था, और इलिनोइस ने अपना अब तक का सबसे ठंडा दिसंबर दर्ज किया था। उस दिसंबर में, आयोवा ने राज्यव्यापी रिकॉर्ड तोड़ बर्फबारी दर्ज की थी। 2025-2026 का शीतकाल कई जलवायु कारकों के जटिल परस्पर क्रिया का परिणाम होगा, जिसमें एक कमजोर ला नीना और एक प्रारंभिक SSW घटना शामिल है, जो देश भर में मौसम की चरम सीमाओं को जन्म दे सकती है। मौसम विज्ञानियों ने सलाह दी है कि चूंकि ये पैटर्न तेजी से बदल सकते हैं, इसलिए निरंतर निगरानी आवश्यक है।